Madhya Pradesh श्रम कल्याण निधि (LWF) 2026

2026 Madhya Pradesh LWF लागू
मध्य प्रदेश श्रम कल्याण निधि अधिनियम, 1982 मध्य प्रदेश में LWF ढाँचा स्थापित करता है। योगदान अर्ध-वार्षिक आधार पर एकत्र किया जाता है।
शासी अधिनियम
मध्य प्रदेश श्रम कल्याण निधि अधिनियम

Madhya Pradesh LWF योगदान (प्रति कर्मचारी)

योगदाता राशि आवृत्ति टिप्पणी
कर्मचारी ₹10 अर्ध-वार्षिक ₹10 प्रति कर्मचारी प्रति अर्ध-वर्ष (₹20 वार्षिक)।
नियोक्ता ₹50 अर्ध-वार्षिक ₹50 प्रति कर्मचारी प्रति अर्ध-वर्ष। न्यूनतम ₹2,500 प्रति प्रतिष्ठान।

आवेदनीयता सीमा

1 या अधिक कर्मचारियों वाला कोई भी प्रतिष्ठान। ₹10,000/माह से अधिक वेतन पाने वाले पर्यवेक्षी/प्रबंधन कर्मचारी योगदान से बाहर।

देय तिथि

  • 15 जुलाई (जनवरी–जून अर्ध-वर्ष के लिए)
  • 15 जनवरी (जुलाई–दिसम्बर अर्ध-वर्ष के लिए)

छूट श्रेणियां

  • अप्रेंटिस अधिनियम, 1961 के तहत प्रशिक्षु
  • ₹10,000/माह से अधिक वेतन पाने वाले पर्यवेक्षी/प्रबंधन कर्मचारी

पंजीकरण अनिवार्य: Madhya Pradesh के नियोक्ताओं को राज्य श्रम कल्याण बोर्ड के साथ पंजीकरण करना होगा और योगदान अर्ध-वार्षिक रूप से जमा करना होगा।

सूचनात्मक सामग्री – कानूनी सलाह नहीं

यह पृष्ठ Madhya Pradesh LWF अधिनियम के अनुसार सार्वजनिक वैधानिक जानकारी प्रदान करता है। योगदान दरें राज्य सरकार द्वारा संशोधित होती रहती हैं। कोई भी अनुपालन निर्णय लेने से पहले अपने राज्य श्रम कल्याण बोर्ड या योग्य श्रम कानून सलाहकार से सत्यापित करें।

Madhya Pradesh LWF सामान्य प्रश्न

क्या MP LWF भोपाल या इंदौर की IT कंपनियों पर लागू है?
MP दुकान एवं प्रतिष्ठान अधिनियम के तहत पंजीकृत 1 या अधिक कर्मचारियों वाले IT प्रतिष्ठान आमतौर पर लागू होंगे।
MP और छत्तीसगढ़ LWF अधिनियमों का क्या संबंध है?
2000 में छत्तीसगढ़ ने MP श्रम कल्याण निधि अधिनियम, 1982 को अपनाया। दोनों अब स्वतंत्र रूप से प्रशासित हैं।

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